नमस्कार मै KSBB, हिमाचल के ऊपर यह सुंदर कविता लोगों में सुर्खियां बटोर रही है हिमाचल पर हमें गर्व है हिमाचल के सभी जिलों को इस एक कविता में सुंदर पंक्तियों द्वारा प्रस्तुत किया गया है तथा उनकी सुंदरता के बारे में एक बहुत ही अच्छा सुंदर अनुभव होता है मैं आशा करता हूं आपको मेरी यह Himachal Poetry कविता हिमाचल पर पसंद आएगी मैं हिमाचल पर और भी कुछ ना कुछ लिखता ही रहता हूं और हिमाचल पर शायरी कोटस कविताएं लिखता रहता हूं मैंने हिमाचल पर Himachal Statehood day poetry पूर्ण राज्य दर्जा की उपलक्ष पर और हिमाचल दिवस Himachal Day के ऊपर लिखा है आप मेरे साथ जुड़ सकते हैं wordsbykksb.com के साथ।
Tum Himachal Samajh Lena Poetry
मैं जन्नत कहूँगा, तुम हिमाचल समझ लेना,
जहाँ झरने बहते हैं, पहाड़ खड़े हैं,
घने जंगल और हसीन बादल समझ लेना।
मैं हवाओं का शहर कहूँगा, तुम शिमला मान लेना,
और फिजाओं के नज़ारे को चंबा जान लेना।
जहाँ ताजगी रूह को छू जाती है,
उस मोहब्बत को कुल्लू समझ लेना।
जहाँ अपनापन महसूस होता है,
सोलन को माँ का आँचल समझ लेना।
सुकून को बिलासपुर जान लेना,
और प्यार को सिरमौर मान लेना।
सूखे मेवों की टोकरी को किन्नौर समझ लेना,
और ऊना को मोहब्बत की नगरी मान लेना।
स्वाद की दुनिया को कांगड़ी धाम मान लेना,
और वीरभूमि को हमीरपुर का नाम समझ लेना।
जहाँ दिल लग जाए, उसे मंडी मान लेना,
जहाँ ज़िंदगी बिताने का मन करे,
उसे लाहौल-स्पीति समझ लेना।
जहाँ झरने, पहाड़, और घने जंगल हों,
उन हसीन बादलों को समझ लेना।
मैं जन्नत कहूँगा, तुम हिमाचल समझ लेना।
***Hope you like my Poetry on Himachal Pradesh***
